सुलतानपुर। सुलतानपुर के वरिष्ठ कोषाधिकारी दीपक कुमार तिवारी के पैन कार्ड का दुरुपयोग कर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। जालसाजों ने उनके पैन कार्ड का इस्तेमाल कर बैंक खाते खुलवाए और दिल्ली में एक फर्जी व्यापारिक फर्म बनाकर जीएसटी नंबर भी हासिल कर लिया। इस संबंध में सुल्तानपुर साइबर थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई है।
यह धोखाधड़ी तब सामने आई जब वरिष्ठ कोषाधिकारी दीपक कुमार तिवारी अपना वार्षिक आयकर रिटर्न (ITR) दाखिल कर रहे थे। उनके चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) के माध्यम से उन्हें ‘यस बैंक’ और ‘कैपिटल स्मॉल फाइनेंस बैंक’ में अज्ञात खातों और दिल्ली में ‘अर्जुन एंटरप्राइजेज’ नाम की एक फर्म के बारे में जानकारी मिली।
तिवारी के अनुसार, उन्हें पता चला कि उनके पैन कार्ड पर यस बैंक की विभिन्न फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) और कैपिटल स्मॉल फाइनेंस बैंक के खातों में ब्याज जमा हो रहा है। हैरानी की बात यह है कि उन्होंने देश में कहीं भी इन बैंकों में कोई खाता नहीं खुलवाया था।
जालसाजों ने अधिकारी के पैन कार्ड का उपयोग करके ‘अर्जुन एंटरप्राइजेज’ नामक एक फर्म बनाई। इस फर्म का जीएसटी नंबर 07AOLPT9097F1Z5 भी लिया गया। इस फर्जी फर्म के जरिए दिल्ली के लॉरेंस रोड स्थित एक पते पर खरीदारी दिखाई गई और आयकर रिटर्न भी दाखिल किए गए।
इसके अलावा, हजरतगंज (लखनऊ), दरियागंज (नई दिल्ली) और मोतीनगर (नई दिल्ली) की बैंक शाखाओं में फर्जी तरीके से खाते संचालित किए जा रहे थे।
वरिष्ठ कोषाधिकारी की शिकायत पर सुलतानपुर के साइबर थाने में मामला दर्ज किया गया है। थाना प्रभारी यदुवीर सिंह ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब उन सुरागों की तलाश कर रही है जिनके जरिए जालसाजों ने सरकारी अधिकारी के गोपनीय दस्तावेज हासिल किए और दिल्ली में इतना बड़ा धोखाधड़ी का नेटवर्क स्थापित किया।
Author Profile
Latest entries
Breaking NewsMay 8, 2026लखनऊ-गाजीपुर मार्ग पर हादसा: शराबी चालक ने पिकअप को मारी टक्कर, एक घायल
Breaking NewsMay 8, 2026सुलतानपुर के वरिष्ठ कोषाधिकारी के पैन कार्ड का दुरुपयोग, दिल्ली में फर्जी फर्म बनाकर बैंक खाते खोले, पुलिस ने शुरू की जांच
Breaking NewsMay 8, 2026कादीपुर में स्थापित होगी महाराणा प्रताप की प्रतिमा, शासन ने दी मंजूरी, विधायक ने लिखा था पत्र
BALDIRAIMay 7, 2026दिल्ली एकेडमी संचालकों पर 5.5 लाख की ठगी का केस, मर्चेंट नेवी में नौकरी दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी, फर्जी लाइसेंस का उपयोग
