sultanpur-medical-college-cme-endodontic-emergency-management

सुलतानपुर मेडिकल कॉलेज में CME कार्यक्रम आयोजित, एंडोडॉन्टिक इमरजेंसी प्रबंधन पर विशेषज्ञों ने दी जानकारी

  • दंत चिकित्सा विभाग की सहायक प्रोफेसर डॉ. ज्योत्सना अग्रवाल ने आधुनिक उपचार तकनीकों और दर्द प्रबंधन पर डाला प्रकाश
  • वरिष्ठ और कनिष्ठ चिकित्सकों ने उत्साहपूर्वक लिया भाग, संवादात्मक सत्र में साझा किए अनुभव

सुलतानपुर। स्वाशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय सुलतानपुर में मंगलवार को कंटिन्यूइंग मेडिकल एजुकेशन (CME) कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। इस शैक्षणिक सत्र का विषय “एंडोडॉन्टिक इमरजेंसी और उसका प्रबंधन” रहा, जिसमें दंत चिकित्सा विभाग की सहायक प्रोफेसर डॉ. ज्योत्सना अग्रवाल ने विशेषज्ञ व्याख्यान प्रस्तुत किया।

अपने संबोधन में डॉ. अग्रवाल ने एंडोडॉन्टिक आपात स्थितियों के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने बताया कि दंत मज्जा (पल्प) से संबंधित तीव्र दर्द, संक्रमण और सूजन जैसी समस्याएं तत्काल उपचार की मांग करती हैं। उन्होंने ऐसे मामलों में शीघ्र निदान, प्रभावी दर्द नियंत्रण और वैज्ञानिक उपचार पद्धतियों की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया।

कार्यक्रम के दौरान आधुनिक उपचार तकनीकों, औषधीय प्रबंधन तथा आपातकालीन दंत चिकित्सा सेवाओं से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां भी साझा की गईं। उन्होंने कहा कि समय पर उपचार से मरीजों को गंभीर जटिलताओं से बचाया जा सकता है।

इस CME कार्यक्रम में संस्थान के वरिष्ठ एवं कनिष्ठ चिकित्सकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम में डॉ. सलील श्रीवास्तव, डॉ. अंकित गंगवार, डॉ. राजीव, डॉ. आशीष, डॉ. सुशील, डॉ. पायल, डॉ. सौम्या, डॉ. अनीता, डॉ. राकेश तथा डॉ. सबाहत हसन सहित अन्य रेजिडेंट डॉक्टर उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों ने विषय से जुड़े प्रश्नों और अपने अनुभवों को साझा किया, जिससे पूरा सत्र संवादात्मक और ज्ञानवर्धक बन गया। विशेषज्ञों ने कहा कि इस प्रकार के शैक्षणिक कार्यक्रम चिकित्सकों के ज्ञान और कौशल को अद्यतन रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं तथा मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में सहायक सिद्ध होते हैं।

Author Profile

Suyash Chitranshi
Suyash Chitranshi